चैंपियंस लीग के मैचडे 7 में Barcelona ने Slavia Praha के खिलाफ उनके घरेलू मैदान पर बेहद अहम जीत दर्ज की। इस शानदार अवे जीत के साथ ही बार्सिलोना ने राउंड ऑफ 16 में सीधे क्वालिफाई करने की दिशा में एक मजबूत कदम बढ़ा दिया है। टीम ने दबाव भरे मुकाबले में आत्मविश्वास और जुझारूपन दिखाते हुए यह साबित किया कि नॉकआउट दौर की रेस में वह पूरी तरह तैयार है।
यूईएफए चैंपियंस लीग के मैचडे 7 में Barcelona ने फॉर्चुना एरिना में खेले गए एक रोमांचक मुकाबले में Slavia Praha को 4–2 से हराकर तीन बेहद अहम अंक अपने नाम किए। इस जीत के साथ Hansi Flik की टीम डायरेक्ट क्वालिफिकेशन ज़ोन में पहुंच गई है, और अब कोपेनहेगन के खिलाफ लीग फेज के आखिरी मैच में जीत हासिल कर Barcelona राउंड ऑफ 16 में अपनी जगह पक्की कर सकता है।
हालांकि मुकाबले की शुरुआत बार्सिलोना के लिए आसान नहीं रही। मैच के महज़ नौवें मिनट में वासिल कूसेय ने गोल दागकर स्लाविया प्राहा को शुरुआती बढ़त दिला दी। लेकिन इसके बाद बार्सिलोना ने शानदार वापसी की। पहले हाफ के अंत तक फर्मिन लोपेज़ ने सिर्फ सात मिनट के भीतर दो शानदार गोल दागकर मैच का रुख पूरी तरह पलट दिया और मेहमान टीम को बढ़त दिला दी। यही मोमेंटम आगे चलकर बार्सिलोना की जीत की नींव बना।
पहले हाफ के आखिर में ऐसा लग रहा था कि बार्सिलोना बढ़त के साथ ड्रेसिंग रूम जाएगा, लेकिन तभी किस्मत ने पलटा खाया। स्लाविया प्राहा के एक कॉर्नर पर रॉबर्ट लेवांडोव्स्की से अनजाने में आत्मघाती गोल हो गया, जिससे हाफ-टाइम तक मुकाबला बराबरी पर आ गया।
दूसरे हाफ में बार्सिलोना ने एक बार फिर मैच पर पकड़ मजबूत की। हांसी फ्लिक के रणनीतिक बदलावों का असर 63वें मिनट में साफ दिखा, जब डानी ओल्मो ने दूर से शानदार शॉट लगाकर टीम को दोबारा बढ़त दिलाई। इसके बाद बार्सिलोना ने दबाव बनाए रखा ताकि मुकाबला पूरी तरह अपने पक्ष में किया जा सके।
लगातार हमलों के बीच लेवांडोव्स्की ने अपनी गलती की भरपाई भी कर दी। 70वें मिनट में उन्होंने हेडर के जरिए गेंद को जाल में पहुंचाया और स्कोरलाइन 4–2 कर दी। इसी गोल के साथ बार्सिलोना ने मुकाबले पर मुहर लगाई और स्लाविया प्राहा के मैदान से एक अहम अवे जीत अपने नाम की।
गोलकीपर और डिफेंस का प्रदर्शन
जोआन गार्सिया (6/10):
कॉर्नर के दौरान बार्सिलोना की पूरी डिफेंस लाइन की तरह वह भी थोड़े असहज नजर आए। पेनल्टी एरिया में आती हर ऊंची गेंद पर दबाव दिखा, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने कुछ अहम मौकों पर बेहतरीन बचाव कर टीम को संभाले रखा।जूल्स कूंडे (6/10):
फ्रेंच डिफेंडर से इस मैच में ज्यादा प्रभाव देखने को नहीं मिला। हालांकि उन्होंने आगे बढ़कर खेल में हिस्सा लिया और डानी ओल्मो के गोल की शुरुआत में उनकी भूमिका रही, लेकिन कुल मिलाकर प्रदर्शन औसत रहा।एरिक गार्सिया (7/10):
डिफेंस से गेंद निकालने में वह काफी आत्मविश्वास से भरे दिखे। बार्सिलोना के पहले गोल में उनका योगदान रहा। रक्षात्मक रूप से कुछ पल ऐसे थे जहां कमजोरी दिखी, लेकिन बाकी समय उन्होंने मजबूती से काम संभाला।जेरार्ड मार्टिन (5/10):
इस सीजन सेंटर-बैक की भूमिका में उन्होंने अब तक ठीक प्रदर्शन किया है, लेकिन इस मुकाबले में वह पूरे 90 मिनट दबाव में नजर आए। स्लाविया प्राहा के खिलाड़ियों ने उन्हें बार-बार मुश्किल में डाला।अलेजांद्रो बाल्दे (5/10):
पहले गोल के दौरान वह गेंद पर ध्यान नहीं रख पाए, जिसका खामियाजा टीम को भुगतना पड़ा। आक्रमण में भी उनसे ज्यादा मदद नहीं मिल सकी, जिससे उनका असर सीमित रहा।मिडफील्ड का प्रदर्शन
फ्रेंकी डी यॉन्ग (7/10):
शुरुआती गोल को रोकने में उनसे थोड़ी चूक जरूर हुई, लेकिन जैसे-जैसे मैच आगे बढ़ा, वह टीम के लिए बेहद अहम होते चले गए। मिडफील्ड में उन्होंने नियंत्रण बनाया और दबाव के क्षणों में बार्सिलोना को संभालने में बड़ी भूमिका निभाई। हालांकि मैच के अंतिम मिनटों में उन्हें पीला कार्ड मिला, जिसके चलते वह कोपेनहेगन के खिलाफ आखिरी ग्रुप मुकाबला नहीं खेल पाएंगे।पेड्री (5/10):
स्पेनिश स्टार के लिए यह मुकाबला उम्मीदों के मुताबिक नहीं रहा। पहले हाफ में उन्हें खेलने की जगह नहीं मिली और विपक्षी डिफेंस ने उन्हें अच्छी तरह जकड़े रखा। दूसरे हाफ की शुरुआत में एक मौका चूकने के बाद वह चोटिल होकर मैदान से बाहर चले गए, जो बार्सिलोना के लिए चिंता की बड़ी वजह बन गई है।फर्मिन लोपेज़ (8/10):
फर्मिन ने एक बार फिर साबित किया कि वह इस टीम के लिए कितने असरदार खिलाड़ी हैं। उन्होंने दो शानदार गोल दागे और इस सीजन चैंपियंस लीग में अब तक छह मैचों में सात गोलों में सीधा योगदान दे चुके हैं। उनका आत्मविश्वास और टाइमिंग बार्सिलोना की जीत की बड़ी वजह बनी।अटैक का प्रदर्शन
रूनी बार्डघजी (5/10):
निलंबित लामिन यामाल की जगह उन्हें शुरुआती एकादश में मौका मिला, लेकिन वह मैच पर खास असर नहीं छोड़ सके। शुरुआत में मिला एक अच्छा मौका उन्होंने बार के ऊपर मारकर गंवा दिया। इसके बाद उन्हें मार्कस रैशफोर्ड के लिए बदल दिया गया।रॉबर्ट लेवांडोव्स्की (6/10):
यह मुकाबला उनके लिए आसान नहीं रहा। एक आत्मघाती गोल के कारण स्कोर 2–2 हो गया, जिसने टीम को थोड़ी देर के लिए मुश्किल में डाल दिया। हालांकि, बड़े खिलाड़ी की पहचान दिखाते हुए उन्होंने अपनी गोल करने की काबिलियत साबित की और बार्सिलोना का चौथा गोल दागकर मैच को पूरी तरह खत्म कर दिया।राफिन्हा (6/10):
इस बार वह अपने सामान्य स्तर का असर नहीं छोड़ पाए, लेकिन उनकी मेहनत और लगातार दौड़-भाग काबिले-तारीफ रही। एक शानदार फ्लिक के जरिए उन्होंने फर्मिन लोपेज़ के बराबरी वाले गोल की नींव रखी, जो टीम के लिए अहम साबित हुआ।
सब्स्टीट्यूट्स और मैनेजर का प्रदर्शन
डानी ओल्मो (7/10):
चोटिल पेड्री की जगह मैदान में उतरे ओल्मो ने आते ही असर दिखाया। उन्होंने शानदार विज़न और तकनीक का नमूना पेश करते हुए टॉप कॉर्नर में जबरदस्त शॉट लगाया और स्कोर 3–2 कर दिया, जिसने मैच का रुख बार्सिलोना के पक्ष में मोड़ दिया।मार्कस रैशफोर्ड (7/10):
बेंच से उतरकर एक बार फिर उन्होंने खुद को उपयोगी साबित किया। सही समय पर शानदार रन बनाया और गेंद को सटीक तरीके से लेवांडोव्स्की के लिए सेट किया, जिस पर पोलिश स्ट्राइकर ने गोल करने में कोई गलती नहीं की।
मार्क बर्नाल (6/10):
आखिरी 10 मिनटों के लिए मैदान में भेजे गए बर्नाल ने संयम के साथ खेला और टीम को बढ़त बनाए रखने में मदद की।रोनाल्ड अराउहो (6/10):
उन्हें भी अंतिम पलों में मौका मिला। डिफेंस में उन्होंने आत्मविश्वास दिखाया और बिना किसी बड़ी गलती के मैच को सुरक्षित तरीके से खत्म कराया।
हांसी फ्लिक (7/10):
कोच फ्लिक इस अहम जीत से जरूर संतुष्ट होंगे, लेकिन टीम की रक्षात्मक कमजोरियां उन्हें चिंता में डाल सकती हैं। डिफेंस का प्रदर्शन फिर सवालों के घेरे में रहा। हालांकि, सब्स्टीट्यूट्स का सही इस्तेमाल उनकी बड़ी सफलता रहा—ओल्मो ने गोल किया और रैशफोर्ड ने असिस्ट देकर जीत पर मुहर लगा दी।





